*BAHUBHASHI*
*खबरों में बीकानेर*🎤 🌐
कोरोना : न भूलें बचाव ही उपचार 😷
पहले मास्क लगाएं फिर खबर पढ़ें 🙏
क्लिक करें हैडिंग सुनें 👉
🔊. कोरोना के हल्के और एसिंप्टोमैटिक मरीजों का आयुर्वेद से भी इलाज होगा
📰
🙏 मोहन थानवी 🙏
twitter, Podcast, YouTube, साहित्य-सभागार के साथ-साथ Facebook, Pinterest, LinkedIn और Instagram पर भी आपकी खबरें Khabron Me Bikaner 🎤
🇮🇳
सच्चाई पढ़ें । सकारात्मक रहें । संभावनाएं तलाशें ।
क्लिक करें खबर सुनें 👉
🔊 कोरोना के हल्के और एसिंप्टोमैटिक मरीजों का आयुर्वेद से भी इलाज होगानई दिल्ली । केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रीहर्षवर्धन ने मंगलवार को कोविड के क्लीनिकलमैनेजमेंट के लिए प्रोटोकॉल जारी किया। इसमें कोरोनासंक्रमण की रोकथाम, हल्के लक्षण और एसिंप्टोमैटिकमरीजों के इलाज के लिए खान-पान संबंधी उपाय,योग, जड़ी-बूटियों, अश्वगंधा और आयुष-64 केइस्तेमाल की बात कही है। हर्षवर्धन ने मंगलवार कोकहा- मेडिकल स्टडी से इस बात की पुष्टि हुई है किकोरोना से बचाव में अश्वगंधा, लौंग, गिलोय औरआयुष-64 जैसी आयुर्वेदिक औषधियां काम आती हैं।यह प्रोटोकॉल न केवल कोरोना के मैनेजमेंट के लिएएक जरूरी कदम है, बल्कि इस ट्रेडिशनल नॉलेज सेआधुनिक समय की मेडिकल प्रॉब्लम्स को भी हलकिया जा सकता है। 1. एसिंप्टोमैटिक और हल्के लक्षण वालो का इलाज कैसे?प्रोटोकॉल के मुताबिक, हल्के लक्षणों वाले औरएसिंप्टोमैटिक कोरोना मरीज 15 दिन, एक महीने याआयुर्वेदिक डॉक्टर की सलाह से दिन में दो बार गर्मपानी के साथ अश्वगंधा या इसका चूर्ण, 15 दिन तकलेना चाहिए।दिन में दो बार गर्म पानी के साथ 375 मिलीग्राम गुडुचीऔर पिप्पली और दिन में दो ही बार 500 मिलीग्रामकी आयुष-64 टैबलेट लेनी चाहिए।
( अपने डॉक्टर अथवा वैद्य से सलाह अवश्य लें )
हिसयुगपक्ष
✍️
📒 CP MEDIA
🙏 मोहन थानवी 🙏
🙏
< 📰 📑 पढ़ना और पढ़ाना जीवन सफल बनाना 📚 📖 📓
*BAHUBHASHI*
*खबरों में बीकानेर 🎤📺*
🌹📻😆
व्हाट्सअप पर आपकी भेजी सूचना न्यूज सेक्शन तक समय पर नहीं मिलती इसलिए हम उसकी खबर नहीं लिख पाते । विज्ञप्ति ईमेल से हिंदी क्रुतिदेव या यूनिकोड में लैटरपैड /एम एस वर्ड फाइल में भेजें mohanthanvi@gmail.com
अपनी टिप्पणी /कमेंट लिखें 👇🏽
यहां व्यक्त कीजिए - खबर आपकी नजर में...