संत और शास्त्र के सामने कभी तर्क नहीं करना चाहिए : जगद्गुरु वसंत विजयानंद गिरि जी महाराज –बीकानेर के इतिहास में पहली बार भक्ति और सनातन शक्ति का अनेक चमत्कारिक प्रसंगों के साथ भव्य ऐतिहासिक कार्यक्रम सम्पन्न
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30 मार्च 2026 सोमवार
खबरों में बीकानेर
✒️@Mohan Thanvi
संत और शास्त्र के सामने कभी तर्क नहीं करना चाहिए : जगद्गुरु वसंत विजयानंद गिरि जी महाराज
–बीकानेर के इतिहास में पहली बार भक्ति और सनातन शक्ति का अनेक चमत्कारिक प्रसंगों के साथ भव्य ऐतिहासिक कार्यक्रम सम्पन्न
संत और शास्त्र के सामने कभी तर्क नहीं करना चाहिए : जगद्गुरु वसंत विजयानंद गिरि जी महाराज
–बीकानेर के इतिहास में पहली बार भक्ति और सनातन शक्ति का अनेक चमत्कारिक प्रसंगों के साथ भव्य ऐतिहासिक कार्यक्रम सम्पन्न
बीकानेर। जग प्रसिद्ध श्रीपार्श्व पद्मावती शक्ति पीठ तीर्थ धाम कृष्णगिरि तमिलनाडु के पीठाधीश्वर, परम् पूज्यपाद जगद्गुरु 1008 आचार्यश्री वसंत विजयानंद गिरि जी महाराज के पावन सान्निध्य में ग्यारह दिवसीय चैत्र नवरात्रि पर्व महोत्सव एवं श्री महालक्ष्मी महायज्ञ सहित जीवनोत्थान करने वाले विविध प्रसंगों विशेष के साथ श्रीमद् देवी भागवत कथा महापुराण की यहां गंगाशहर मार्ग स्थित अग्रवाल भवन परिसर में पूर्णाहुति हर्षोल्लास से जय जय गुरुदेव के जैकारों से सम्पन्न हुई।
इससे पहले बीकानेर के इतिहास में पहली बार विशाल आध्यात्मिक पताका फहराने वाले इस भव्य कीर्तिमानी कार्यक्रम में हवन पूजन, जाप, अनुष्ठान के ग्यारह दिनों में हुए करोड़ों मंत्रों से अभिमंत्रित पवित्र जल कलश से जगद्गुरु का अतिदिव्य महाभिषेक वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ किया गया। प्रसंगवश मय उदाहरण के जगद्गुरु ने यह भी कहा कि संतों के समक्ष अज्ञानतावश किया गया तर्क बुद्धि को नष्ट–भ्रष्ट करता है। संत और शास्त्र के समक्ष कभी तर्क नहीं करने की अभिनव सीख देते हुए महाराज ने कहा कि भक्ति रुपी हथोड़ा व श्रद्धा रुपी भाव व्यक्ति में होना महत्ती आवश्यक है। आगामी जून माह में 26 से 28 तारीख तक वार्षिकोत्सव ध्वजा की जानकारी देते हुए सभी को भावभरा कृष्णगिरी आगमन का आमंत्रण भी दिया।






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