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खबरों में बीकानेर 🎤 🌐
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फर्जी कॉल सेंटर के जरिए कर डाली पौने दो करोड़ रुपये की ठगी!
बीकानेर। कोटगेट पुलिस ने ऑनलाइन
ठगी करने वाले एक अंतरराज्यीय गैंग का पर्दाफाश
किया है. पुलिस ने 1.74 करोड़ रुपए की ठगी और
फर्जी कॉल सेंटर चलाने के मामले में 6 लोगों
को अहमदाबाद से गिर तार किया है. थानाधिकारी
धरम पूनिया ने बताया कि रामसर गांव के किसान
मूलाराम ने भारतीय स्टेट बैंक की पॉलिसी में
निवेश का झांसा देकर 1 करोड़ 74 लाख रुपए की
ठगी किए जाने का मामला दर्ज कराया था. उन्होंने
कहा कि मूलाराम के पास अलग-अलग नंबरों से
कॉल आते थे, जो खुद को बैंक का प्रतिनिधि बताते
थे और कहते थे कि वे दिल्ली हेड ऑफिस से बात
कर रहे हैं.
अलग-अलग खातों में जमा
कराए थे रुपए
उन लोगों ने बैंक में पूंजी निवेश के नाम पर
8 माह में अलग-अलग खातों में कुल 1 करोड़ 74
लाख रुपए जमा करवाए. थानाधिकारी धरम पूनिया
की अगुवाई में आईओ कन्हैया लाल ने मामले की
जांच की. जांच में सामने आया कि अधिकांश बैंक
खाते व मोबाइल नाम पते कॉल सेंटर प्रीत विहार,
दिल्ली में चलाते थे. जांच में सभी नाम पते एवं बैंक
खाताधारकों के नाम फर्जी पाए गए. पुलिस टीम ने
खातों से मिले फोटो और मोबाइल नंबरों के आधार
दिल्ली व अन्य स्थानों पर जाकर खोजबीन की।
अहमदाबाद से बीकानेर लाकर
की गई पूछताछ इस दौरान आरोपियों के लोकेशन
अहमदाबाद आने पर पुलिस ने वहां से सबको
हिरासत में लिया और उन्हें बीकानेर लाकर जब
पूछताछ की गई तो आरोपियों ने ठगी करना स्वीकार
कर लिया.
पुलिस ने बताया कि गिरोह में शामिल दिल्ली
के रहने वाले रोहित कुमार शर्मा, सुनील कुमार गुप्ता,
विकास कुमार शर्मा, जितेश श्रीवास्तव, अनुप
कुमार जाटव, दिनेश कुमार कनोजिया को गिर तार
किया गया है।
आईटी के शातिर, चुराते हैं डेटा कोटगेट थानाप्रभारी धरम पूनिया ने बताया
कि इस गिरोह के अधिकांश सदस्य बहुत पढ़े लिखे
एवं आईटी के जानकार हैं, जो वास्तविक कंपनियों
से पॉलिसी धारकों का डेटा चुराकर उनसे संपर्क
करते हैं.
ज्यादा बोनस और लाभ का प्रलोभन देकर
ग्राहकों से अपने बैंक खातों में राशि ट्रांसफर करवा
लेते हैं. पुलिस अब इनके और साथियों की तलाश
में जुट गई है ।
■ क्राइम रिपोर्टर / युगपक्ष
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