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जिले में डीएलसी दरे निर्धारित
बीकानेर, 02 सितम्बर। ऊर्जा एवं जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री डाॅ.बी.डी.कल्ला ने जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में रिहायसी, कृषि, व्यावसायिक भूमि की डी.एल.सी.दरों को व्यावहारिक बनाने पर जोर दिया और कहा कि ये दरें इस प्रकार से तय हो कि सभी वर्गाें की पहंुच में हो। डाॅ कल्ला ने कहा कि दरों में अधिक बढ़ोतरी न की जाए ताकि प्रत्येक वर्ग के व्यक्ति का हित सुनिश्चित किया जा सके।
डाॅ.कल्ला सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला दर निर्धारण समिति की बैठक में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि भूमि की दरें ऐसी होनी चाहिए जो जनता के हित में हो। उन्होंने कहा कि बीकानेर शहर में डीएलसी दरें न बढ़ें। जितनी डीएलसी दरें अधिक होगी उतनी रजिस्ट्री कम होने की संभावना रहती है, इससे दोहरा नुकसान होगा। ऐसी स्थिति में विभिन्न पक्षों के सुझाव लेकर जनता को अधिकतम राहत दी जाए।
ऊर्जा एवं जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री डॉक्टर कल्ला ने कहा कि शहरी और ग्रामीण क्षेत्र में डीएलसी की दरों में बढ़ोतरी करना वर्तमान परिपेक्ष्य में ज्यादा बेहतर नहीं होगा वर्तमान समय में आम आदमी जमीन की खरीद-फरोख्त कम कर रहे है,ं ऐसे में अगर डीएलसी की दर में बढ़ोतरी होती है तो आम आदमी भूमि का क्रय-विक्रय में कम ही कर सकेगा हम सबका दायित्व बनता है कि डीएलसी दरों को ऐसा व्यवहारिक बनाए जाए कि राज्य सरकार को राजस्व की प्राप्ति तो हो ही साथ ही जमीन क्रय करने वाला व्यक्ति भी आसानी से डीएलसी दर पर रजिस्ट्री करवा कर अपना मकान बनवा सकें।
उन्होंने कहा कि...... 👇👇👇
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भूमि की डीएलसी दर ऐसी होनी चाहिए जो आमजन के हित में हो। शहरी क्षेत्र में डीएलसी की दरें बढ़ाना वर्तमान में न्यायोचित नहीं लगता है, सभी अधिकारी और सदस्य इस बात को मद्देनजर रखते गई डीएलसी दर निर्धारण के बारे में निर्णय ले तो ज्यादा बेहतर होगा। उन्होंने कहा कि नगर विकास न्यास व नगर निगम जैसे संस्थानों को भी यह बात अपनी कार्य योजना में रखनी चाहिए कि वह अपने क्षेत्र में जहां भूमि बेचे उनकी इस तरह से दर रखे कि आम व्यक्ति की पहुंच में हो। उन्होंने कहा कि अगर डीएलसी की दरें सामान्य होगी तो आम आदमी रजिस्ट्री जैसे कार्य को प्राथमिकता के साथ कर लेता है, मगर अधिक दर होने की स्थिति में आम आदमी रजिस्ट्री कराने से बचने का प्रयास करता है।
बैठक में विधायक खाजूवाला ने ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि और व्यावसायिक भूमि की दरों मंे ज्यादा वृद्धि नहीं करने का सुझाव दिया। जिला कलक्टर कुमार पाल गौतम ने उप पंजीयक और जिले के तहसीलदारों द्वारा अपने-अपने क्षेत्र में भूमि की प्रस्तावित डी.एल.सी.दरों के बारे में जानकारी दी और जन प्रतिनिधियों से इन दरों पर व्यवाहारिक सुझाव लिए । इन सुझवों के आधार पर डी.एल.सी.रेट का पुर्निधारण किया गया।
बैठक में महाजन और लूणकरनसर में 5 प्रतिशत तथा श्रीडूंगरगढ़, खाजूवाला, नोखा, कोलायत, बज्जू तथा बीकानेर में कृषि भूमि की डीएलसी दर 10-10 प्रतिशत बढ़ाई गई है। बीकानेर शहर की जयनारायण व्यास काॅलोनी,सादुलगंज और पवनपुरी में 10 प्रतिशत डीएलसी रेट बढ़ाने का निर्णय लिया गया।
बैठक में अतिरिक्त जिला कलक्टर (प्रशासन) ए.एच.गौरी,भारतीय प्रशासनिक सेवा के प्रशिक्षु अधिकारी अभिषेक सुराणा, रजिस्ट्रार स्टाम्प एवं मंुद्राक ऋषि बाला श्रीमाली, पंचायत समिति बीकानेर की प्रधान राधा देवी, श्रीडूंगरगढ़ प्रधान सहित तहसीलदार उपस्थित थे।




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