*BAHUBHASHI*
✒️*औरों से हटकर सबसे मिलकर*
*खबरों में बीकानेर*🎤
यहां आपके प्रतिष्ठान का विज्ञापन हो सकता है। संपर्क करें - खबरों में बीकानेर
BAHUBHASHI
खबरों में बीकानेर 🎙️📀
पढ़ना और पढ़ाना जीवन सफल बनाना 📚
📖
विज्ञप्ति ईमेल से हिंदी क्रुतिदेव या यूनिकोड में लैटरपैड /एम एस वर्ड फाइल में भेजें mohanthanvi@gmail.com
सच्चाई पढ़ें । सकारात्मक रहें। संभावनाएं तलाशें ।
पढ़ना और पढ़ाना जीवन सफल बनाना 📚
कोरोना कहर के बीच दो सरकारों की नाव में हम राजस्थानवासी... लेकिन खबर तो ये है 👉- केन्द्रीय राज्यमंत्री मेघवाल ने कहा- हम बोकारो स्टील प्लांट से राजस्थान को ऑक्सीजन दे सकते हैं, राजस्थान सरकार पहले केंद्र सरकार से डिमांड तो करें
केंद्र सरकार पर ऑक्सीजन और रेमडेसिविर आवंटन करने में राजस्थान के साथ भेदभाव के आरोपों के बाद केंद्रीय राज्यमंत्री अर्जुन मेघवाल ने सफाई देने के साथ पलटवार किया है। मेघवाल ने वर्चुअल प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि राजस्थान के मुख्यमंत्री से लेकर हर मंत्री तक केंद्र सरकार पर कम ऑक्सीजन, रेमडेसिविर देने और भेदभाव के गलत आरोप लगा रहे हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र ने राज्य सरकार को कुल 265 टन ऑक्सीजन दी है, लेकिन राज्य सरकार कह रही है कि उसे केवल 80 टन ही ऑक्सीजन मिली है।
राजस्थान का ऑक्सीजन का कोटा 15 अप्रैल के बाद लगातार बढ़ाया गया है। राजस्थान का 265 टन ऑक्सीजन का कोटा है, राज्य सरकार सही आंकड़े नहीं बता रही है। राज्यों को ऑक्सीजन देने के एंपावर्ड कमेटी ने मापदंड तय किए हैं। इसमें केंद्र की ऑक्सीजन उत्पादन क्षमता, राज्यों की मांग, पाइपलाइन से ऑक्सीजन सप्लाई की सुविधा वाले अस्पतालों की संख्या के पैरामीटर के आधार पर राज्यों को ऑक्सीजन आंवटित करने का फार्मूला बनाया है।
मेघवाल ने कहा कि गुजरात को ज्यादा ऑक्सीजन देने की बात कह रहे हैं। ऑक्सीजन आवंटन करने में राज्यों की आवश्यकता ही एकमात्र पैरामीटर नहीं है। कितने अस्पताल ऑक्सीजन की पाइपाइन से इक्विप्ड हैं, यह भी एक पैरामीटर है। राजस्थान ने अस्पतालों को ऑक्सीजन पाइपलाइन से इक्विप्ड नहीं किया, गुजरात ने कर दिया। राजस्थान सरकार ने प्रबंधन ही नहीं किया, गुजरात में ऐसे अस्पताल ज्यादा हैं, इसलिए गुजरात को ज्यादा ऑक्सीजन मिली है। राजस्थान सरकार एयर सेपरेशन यूनिट के कोटे का जिक्र नहीं कर रही है।
राजस्थान सरकार 125 टन एएसयू के कोटे के बारे में तो बता ही नहीं रही
मेघवाल ने कहा कि रिलायंस के जामनगर प्लांट से राजस्थान को 40 टन ऑक्सीजन आवंटित है। भिवाड़ी के आईएनओएक्स से राजस्थान का कोटा 100 टन कर दिया है। एयर सेपरेशन यूनिट यानी एएसयू से 125 टन राजस्थान को दिया जा रहा है। इस तरह कुल 265 टन ऑक्सीजन दिया जा रहा है। राज्य सरकार कह रही है कि 80 टन मिल रही है। बहुत फर्क है।
उन्होंने कहा कि राजस्थान सरकार 125 टन एएसयू के कोटे के बारे में तो बता ही नहीं रही है। रेमडेसिविर का कोटा भी 26,500 से बढ़ाकर 67 हजार कर दिया है। इसकी भी कमी नहीं होने देंगे। हमने एयरलिफ्ट करके टैंकर भेजने की सुविधा दी है तो राजस्थान सरकार के पास क्रायोजैनिक टैंकर ही नहीं है। केंद्र को घेरने का यह प्रयास ठीक नहीं है।
राजस्थान सरकार मांग करें तो हम बोकारो स्टील प्लांट से ऑक्सीजन देने को तैयार
मेघवाल ने कहा- हम बोकारो स्टील प्लांट से राजस्थान को ऑक्सीजन दे सकते हैं। राजस्थान सरकार पहले केंद्र सरकार से डिमांड तो करें। राजस्थान सरकार से मांग आएगी तो हम बोकारो स्टील प्लांट से ऑक्सीजन दे देंगे। इसमें किसी तरह की राजनीति नहीं हैं।
तीनों मंत्री अगर हमसे मिलते हैं तो उन्हें संतुष्ट करके भेजेंगे
ऑक्सीजन और रेमडेसिविर की कमी को देखते हुए राजस्थान के तीन मंत्रियों के दिल्ली जाने के सवाल पर मेघवाल ने कहा- मंत्री मुझसे मिलेंगे तो जरूर मदद की जाएगी। उन्हें संतुष्ट करके भेजेंगे। बोकारो में हमारा स्टील प्लांट है उससे हम ऑक्सीजन देने को तैयार हैं। राज्य सरकार कह रही है हमारे पास टैंकर नहीं हैं। केंद्र ने चार टैंकर उपलब्ध करवा दिए हैं।
✍🏻
खुलासा
📒 CP MEDIA
यहां आपके प्रतिष्ठान का विज्ञापन हो सकता है। संपर्क करें - खबरों में बीकानेर
Khabron Me Bikaner 🎤
🙏
BAHUBHASHI
खबरों में बीकानेर पढ़ना और पढ़ाना जीवन सफल बनाना 📚
यहां व्यक्त कीजिए - खबर आपकी नजर में...