खबरों में बीकानेर...
✍🏻गर्मी : पाकिस्तान और भारत में तीव्र गर्म हवा को देखा गया...! चौंकाने वाली अविश्वसनीय रिपोर्ट
👉हिस युगपक्ष
💘
📷
गर्मी : पाकिस्तान और भारत में तीव्र गर्म हवा को देखा गया...! चौंकाने वाली अविश्वसनीय रिपोर्ट
नईदिल्ली । यूरोपियन स्पेस एजेंसी ने अपनी एक रिपोर्ट में दावा किया है कि 29 अप्रेल
(शनिवार) को सेटेलाइट से ली गई तस्वीरों के अनुसार उत्तर पश्चिम भारत के कुछ हिस्सों में भूमि की सतह का तापमान 60 डिग्री सेल्सियस से अधिक हो गया है। इनसैट 3डी, कॉपरनिकस सेंटिनल 3 और नासा के एक सेटेलाइट से ली गई लैंड सरफेस की छवियों ने उत्तर पश्चिम भारत के इलाकों में भूमि की सतह के बढ़ते
तापमान का संकेत दिया है। वहीं कई वैज्ञानिकों ने एक रिपोर्ट को सत्यापित करने की बात की और साथ ही हीटवेव के गंभीर प्रभावों को लेकर चिंता जताई है। भारत मौसम विज्ञान विभाग के वैज्ञानिक आशिम मित्रा जो उपग्रहों के डाटा डिकोडिंग में माहिर हैं ने ट्वीट किया कि
विभिन्न सेटेलाइट सेंसर से भूमि की सतह का तापमान नोट किया गया, जो एक सामान्य अवलोकन में भूमि की सतह का सटीक तापमान प्राप्त करने में सक्षम है। आज कई क्षेत्रों में 60 डिग्री सेल्सियस से अधिक हो गया है।
पाकिस्तान और भारत में आज चौथे दिन तीव्र गर्म हवा को देखा गया। 29 अप्रैल को कॉपरनिकस और सेंटिनल 3 सेटेलाइट पर एकत्र किया गया एलसटी (भूमि की सतह
का तापमान, हवा का नहीं!) का अधिकतम मूल्य 62एष्ट/143एएफ से अधिक दर्शाता है। उधर, आईएमडी के महानिदेशक एम महापात्रा ने कहा कि जमीनी सत्यापन करने से पहले इस डेटा पर भरोसा नहीं किया जाना चाहिए। सेटेलाइट अवलोकन सतह से 36,000 किमी दूर से लिए जाते हैं। सत्यापित नहीं होने पर वे भ्रामक हो सकते हैं। राजस्थान में रिकार्ड उच्चतम भूमि का तापमान 52.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। यह डेटा भय
और दहशत पैदा कर सकता है, इसलिए हमें जिम्मेदारी से काम करना चाहिए। वहीं एक अन्य वैज्ञानिक ने कहा कि क्या आप
जानते हैं कि 60 डिग्री सेल्सियस का क्या मतलब होता है। सड़कें और अन्य बुनियादी ढांचा पिघल जाएगा। मैंने राजस्थान में 50 डिग्री सेल्सियस पर सड़कों को पिघलते देखा है। हमें बहुत सावधान रहना चाहिए और पहले जमीनी आकलन करना चाहिए।
symbolic





यहां व्यक्त कीजिए - खबर आपकी नजर में...