कार्पोरेट जगत को बड़ी राहत : MCA ने वार्षिक फाइलिंग की समय-सीमा बढ़ाई

सरकार बिजनेस संबंधित व्यावहारिक समस्याओं को जान-समझ चुकी लगता है। इसीलिए फाइलिंग की समय-सीमा बढ़ाकर व्यापार जगत को राहत दी है

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कार्पोरेट जगत को बड़ी राहत : MCA ने वार्षिक फाइलिंग की समय-सीमा बढ़ाई
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सरकार बिजनेस संबंधित व्यावहारिक समस्याओं को जान-समझ चुकी लगता है। इसीलिए फाइलिंग की समय-सीमा बढ़ाकर व्यापार जगत को राहत दी है

AOC-4 फॉर्म 31 दिसंबर 2026 और MGT-7 फॉर्म 31 जनवरी 2027 तक बिना अतिरिक्त शुल्क के होंगे दाखिल

बीकानेर। भारत सरकार के कॉर्पोरेट कार्य मंत्रालय (MCA) ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए कंपनियों के वार्षिक वैधानिक दस्तावेज दाखिल करने की समय-सीमा में राहत प्रदान की है। मंत्रालय की ओर से जारी सामान्य परिपत्र के अनुसार, कंपनियां वित्तीय विवरण से संबंधित ई-फॉर्म AOC-4, AOC-4 CFS तथा अन्य लागू फॉर्म 31 दिसंबर 2026 तक बिना अतिरिक्त शुल्क के दाखिल कर सकेंगी।
इसी प्रकार, वार्षिक रिटर्न से संबंधित ई-फॉर्म MGT-7 और MGT-7A दाखिल करने की अंतिम तिथि बढ़ाकर 31 जनवरी 2027 कर दी गई है। निर्धारित अवधि में इन फॉर्म को दाखिल करने पर कंपनियों को अतिरिक्त शुल्क नहीं देना होगा।
कंपनी सचिव नितेश कुमार रंगा के अनुसार, मंत्रालय का यह निर्णय उन कंपनियों के लिए राहतकारी है, जो तकनीकी समस्याओं अथवा अन्य कारणों से अपनी वार्षिक फाइलिंग निर्धारित समय पर पूरी नहीं कर पा रही थीं। इस निर्णय से कंपनियों को वित्तीय विवरण और वार्षिक रिटर्न तैयार कर दाखिल करने के लिए अतिरिक्त समय मिलेगा।
हालांकि, परिपत्र में स्पष्ट किया गया है कि वार्षिक फाइलिंग के लिए दी गई यह राहत वार्षिक आम बैठक (AGM) आयोजित करने की वैधानिक समय-सीमा में विस्तार नहीं मानी जाएगी। जिन कंपनियों ने AGM से संबंधित वैधानिक प्रावधानों का पालन नहीं किया है, उनके विरुद्ध कंपनी अधिनियम, 2013 के तहत लागू कार्रवाई या अन्य वैधानिक परिणाम हो सकते हैं।
कंपनियों को सलाह दी गई है कि वे इस राहत का लाभ उठाते हुए अपने लंबित वैधानिक दस्तावेज निर्धारित समय-सीमा में दाखिल करें तथा कंपनी अधिनियम, 2013 के प्रावधानों का पालन सुनिश्चित करें।

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