राजस्थान में इलेक्ट्रिक ट्रेन : ढिगावड़ा-बांदीकुई रेलमार्ग पर रेल मंत्री पीयूष गोयल ने विद्युतीकृत ट्रेन को हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया

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राजस्थान में इलेक्ट्रिक ट्रेन : ढिगावड़ा-बांदीकुई रेलमार्ग पर रेल मंत्री पीयूष गोयल ने विद्युतीकृत ट्रेन को हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया
 

 उत्तर पश्चिम रेलवे के जयपुर मण्डल के ढिगावड़ा-बांदीकुई रेलमार्ग पर इलेक्ट्रिक ट्रेनें दौड़ी। रेल मंत्री पीयूष गोयल ने विद्युतीकरण कार्य पूरा हो होने इस मार्ग पर पहली विद्युतीकृत ट्रेन को हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया।

उत्तर पश्चिम रेलवे के मुख्य जनसम्पर्क अधिकारी एवं सचिव (महाप्रबंधक) सुनील बेनीवाल के अनुसार ढिगावड़ा स्टेशन पर हुए समारोह में रेल मंत्री पीयूष गोयल, दौसा सांसद जसकौर मीना, राजगढ-लक्ष्मणगढ़ विधायक जौहरीलाल मीना की की मौजूदगी में इस रेल मार्ग पर पहली विद्युतीकृत ट्रेन को हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया।

इस मौके पर रेल मंत्री ने कहा कि आज खुशी का दिन है कि गुरू नानक जी की जयंती के एक दिन पहले यह शुभ कार्य आरंभ हुआ है। गुरू नानक ने समाज को संगठित करके दिशा दी, उन्होनें कहा कि कल ही ढिगावड़ा-बांदीकुई रेलखण्ड को कमिश्नर फार रेलवे सेफ्टी से अनुमोदन प्राप्त हुआ है रेल मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में भारतीय रेल चरणबद्ध तरीके से तेज गति व गुणवत्ता के साथ काम को आगे बढ़ा रही है, सबके सहयोग, टीम वर्क व प्ररेणा से बडी उपलब्धियां प्राप्त कर रही है। रेलमंत्री ने कहा कि राजस्थान देश का क्षेत्र एवं जनसंख्या की दृष्टि बहुत बड़ा राज्य है , राजस्थान के निवासी सम्पूर्ण देश में रह कर अर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण योगदान प्रदान कर रहे हैं।

गोयल ने रेल कार्यों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि राजस्थान में 35 वर्ष पूर्व कोटा-मुम्बई लाइन पर विद्युतीकरण का कार्य किया गया था, उसके बाद इस क्षेत्र की ओर किसी ने ध्यान नहीं दिया।

आज 1433 किमी तक…

मंत्री ने कहा कि प्रदेश में बीते साढ़े पांच साल (सितम्बर 2020 तक) में 1433 किलोमीटर किया गया अर्थात् 240 किलोमीटर मार्ग का प्रतिवर्ष विद्युतीकरण किया गया। उन्होंने कहा कि बीते वर्षों में सोच में बदलाव आया है, काम में भी बदलाव आया है। आज इस लाइन के विद्युतीकरण होने के के बाद रेवाडी से अजमेर तक का मार्ग विद्युतीकृत हो गया है।

दिल्ली से अजमेर तक…

अब दिल्ली से अजमेर तक शत प्रतिशत विद्युतीकरण होने से जल्द ही इलेक्ट्रिक से संचालित ट्रेने शुरू हो जाएगी। इन ट्रेनों के चलने के बाद डीजल से चलने वाले ट्रेने बंद हो जाएगी। इससे प्रदुषण समाप्त होगा साथ ही बाहर से आने वाले ईंधन पर निर्भरता भी खत्म होगी। विधायक जौहरीलाल मीना ने ट्रेनों के ठहराव से सम्बंधित सुझाव प्रदान किए।
समारोह में आनन्द प्रकाश, महाप्रबंधक-उत्तर पश्चिम रेलवे ने अभिनन्दन करते हुए कहा कि राजस्थान में दिल्ली-अहमदाबाद मार्ग पर अलवर-बांदीकुई रेलखण्ड विशेष पहचान रखता है। अलवर के पास स्थित सरिस्का अभ्यारण एवं बांदीकुई के पास स्थित मेहन्दीपुर बालाजी मन्दिर सम्पूर्ण देश में पर्यटन व धार्मिक आस्था के लिए प्रसिद्ध है।

लंबे समय से दरकार…

उन्होने बताया कि उत्तर पश्चिमी रेलवे के राजस्थान क्षेत्र में रेल लाइनों के विद्युतीकरण की आवश्यकता बहुत समय से थी। इस रेलवे पर वर्ष 2014 के बाद विद्युतीकरण का कार्य प्रारम्भ किया गया। अब तक 1814 किलोमीटर रेल लाइनों के विद्युतीकरण का कार्य पूरा कर लिया गया है तथा 743 किलोमीटर विद्युतीकरण का कार्य प्रगति पर है व इस रेलवे पर सभी रेल लाइनों के विद्युतीकरण का कार्य स्वीकृत है।

 

 



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अभय इंडिया 

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